अबनाः एक इस्राईली समाचारपत्र ने लिखा है कि नेतनयाहू ने संयुक्त राष्ट्र संघ की महासभा में ख़ाली सीटों के समक्ष एक उबाऊ एवं फुसफुसा भाषण किया है।
हाआरेत्ज़ ने महासभा में ज़ायोनी शासन के प्रधानमंत्री के सोमवार के भाषण की ओर संकेत करते हुए लिखा है कि यदि महासभा में बहुत कम लोगों को भी नेतनयाहू के भाषण में नई बातें सुनने की आशा थी तो वे भी निराश हो कर महासभा से बाहर निकले।
इस बीच ज़ायोनी संसद नेसेट के एक सांसद ने संयुक्त राष्ट्र संघ की महासभा में नेतनयाहू के भाषण की कड़ी आलोचना की है। अहमद तैयबी ने इस्राईली सेना को संसार की सबसे सभ्य व शिष्ट सेना बताने पर आधारित ज़ायोनी प्रधानमंत्री के बयान की ओर संकेत करते हुए कहा कि शिष्टाचार और इस्राईली सेना में कोई भी समानता नहीं है और ये दोनों एक दूसरे से विरोधाभास रखते हैं।
30 सितंबर 2014 - 18:46
समाचार कोड: 641427
एक इस्राईली समाचारपत्र ने लिखा है कि नेतनयाहू ने संयुक्त राष्ट्र संघ की महासभा में ख़ाली सीटों के समक्ष एक उबाऊ एवं फुसफुसा भाषण किया है।